प्रशासन की लापरवाही ने छीनी गरीब की छत, नाली निर्माण के चलते ढहा पक्का मकान
प्रशासन की लापरवाही ने छीनी गरीब की छत, नाली निर्माण के चलते ढहा पक्का मकान ।
कायमगंज/फर्रुखाबाद। तहसील क्षेत्र के ग्राम नगला भूड़ में सरकारी तंत्र की अनदेखी और हठधर्मिता का एक बड़ा मामला सामने आया है। यहाँ एक गरीब परिवार का आशियाना सिर्फ इसलिए जमींदोज हो गया क्योंकि अधिकारियों ने चेतावनी के बावजूद मकान की नींव से सटाकर नाली का निर्माण करवा दिया। पीड़िता सरोजनी ने बताया कि वह अपने पति सुरेंद्र सिंह के साथ चंडीगढ़ में मजदूरी कर जीवन यापन करती हैं। गाँव में उनके तीन पक्के कमरे बने हुए थे। करीब छह महीने पहले जब ग्राम प्रधान, सचिव और जूनियर इंजीनियर ने नाली के लिए पैमाइश की थी, तब पीड़ित परिवार ने आपत्ति जताई थी। उन्होंने अधिकारियों को आगाह किया था कि नींव के बिल्कुल करीब खुदाई से मकान गिर सकता है, लेकिन उनकी एक न सुनी गई।
मलबे में तब्दील हुई जीवन भर की कमाई अत्यधिक सीलन और दोषपूर्ण निर्माण के कारण 28 जनवरी को सरोजनी का मकान भरभराकर गिर गया। मकान का लेंटर और दीवारें पूरी तरह मलबे में तब्दील हो चुकी हैं। गनीमत यह रही कि हादसे के वक्त परिवार घर के भीतर नहीं था, अन्यथा बड़ी जनहानि हो सकती थी। पीड़िता का आरोप है कि जब उन्होंने 29 जनवरी को इस नुकसान की शिकायत ग्राम प्रधान और सचिव से की, तो उन्होंने अपनी गलती सुधारने के बजाय उल्टा परिवार को ही झूठे मुकदमे में फंसाने और जान से मारने की धमकी दे डाली। इस भीषण सर्दी में बेघर हुआ परिवार अब खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है। पीड़ित परिवार ने ब्लॉक प्रशासन और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर दोषी अधिकारियों व ग्राम प्रधान के खिलाफ कार्रवाई और उचित मुआवजे की मांग की है।