नाले से निकली लाश… सीसीटीवी ने खोली परतें… पत्नी, चचेरा भाई और ‘मैनेज’ पोस्टमार्टम का खौफनाक राज

Jan 14, 2026 - 08:57
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नाले से निकली लाश… सीसीटीवी ने खोली परतें… पत्नी, चचेरा भाई और ‘मैनेज’ पोस्टमार्टम का खौफनाक राज

नाले से निकली लाश… सीसीटीवी ने खोली परतें… पत्नी, चचेरा भाई और ‘मैनेज’ पोस्टमार्टम का खौफनाक राज

नारेन्द्र यादव

प्रयागराज। शुरुआत एक गुमशुदगी से हुई… फिर नाले में मिली एक लाश,पोस्टमार्टम में “कोई चोट नहीं” की रिपोर्ट… और अंत में सीसीटीवी कैमरे में कैद एक बोरा। इस बोरे ने रिश्तों के भीतर छिपे उस खौफनाक सच से पर्दा उठा दिया, जिसने पूरे शहर को सन्न कर दिया। औद्योगिक थाना क्षेत्र के विशंभरपुर गांव का 19 वर्षीय मोहित कुमार रोज की तरह काम पर निकला था, लेकिन तीन जनवरी की सुबह उसकी लाश पांडेय का पूरा गांव के पास नाले में मिली। शव की हालत ऐसी थी कि मौत का कारण साफ नहीं हो पाया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी चुप थी। मामला ठंडे बस्ते में जाने ही वाला था। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई,परिजनों का शक जिंदा था और पुलिस भी बेचैन। तभी जांच के दौरान पुलिस के हाथ लगा एक सीसीटीवी फुटेज। फुटेज में दो जनवरी की रात मोहित का चचेरा भाई विजयराज और उसकी पत्नी सत्यरूपा बोरे में कुछ भारी सामान भरकर उसी दिशा में जाते दिखाई दिए, जहां अगले दिन मोहित की लाश मिली थी। यहीं से कहानी ने खौफनाक मोड़ ले लिया।

पूछताछ में टूटा ‘खामोश’ राज,पुलिस ने दंपति को हिरासत में लिया। पहले दोनों मासूम बने रहे, लेकिन सख्ती बढ़ी तो सच बाहर आ गया। सत्यरूपा ने बताया कि उसका मोहित से अवैध संबंध था। दो जनवरी की दोपहर मोहित उससे मिलने आया था। लोगों के शक की बात कहकर उसने उसे लौटा दिया और खुद पड़ोस में स्थित मोहित के घर चली गई। शाम को जब वह घर लौटी तो नज़ारा देखकर उसके पैरों तले जमीन खिसक गई—मोहित की लाश फंदे से झूल रही थी। उसने तुरंत पति विजयराज को फोन किया। विजयराज आया… और यहीं से शुरू हुई साजिश।फंदे से नाले तक: एक रात की खौफनाक कहानी,रात के अंधेरे में दोनों ने मिलकर लाश को फंदे से उतारा, बोरे में भरा और चुपचाप नाले में फेंक आए। सुबह जब गांव में हड़कंप मचा तो दोनों ने खुद को बेगुनाह साबित करने के लिए मोहित की तलाश का नाटक भी किया।पोस्टमार्टम भी ‘मैनेज’… सच दबाने की पूरी तैयारी,मामला तब और सनसनीखेज हो गया जब पूछताछ में विजयराज ने एक और राज उगल दिया।

उसका बहनोई त्रिभुवन एसआरएन अस्पताल में सफाईकर्मी है। उसी के जरिए पोस्टमार्टम हाउस में सेटिंग कराई गई, ताकि रिपोर्ट में किसी तरह की चोट या हत्या का जिक्र न आए। यही वजह थी कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने सब कुछ “सामान्य” बता दिया।अब कब्र से निकलेगा सच,पुलिस ने दंपति समेत तीनों,आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। अब मृतक का शव कब्र से निकलवाकर दोबारा पोस्टमार्टम कराया जाएगा।पुलिस को उम्मीद है कि दूसरी रिपोर्ट में मौत के असली कारण और हत्या के सबूत सामने आएंगे। नाले में फेंकी गई लाश, बोरे में बंद सच और पोस्टमार्टम तक पहुंची साजिश—यह सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि रिश्तों, इश्क और सिस्टम की मिलीभगत की खौफनाक कहानी है, जिसका अंतिम सच अब जमीन के नीचे से बाहर आने वाला है।