Farrukhabad News : खुद को उपमुख्यमंत्री बताकर तहसीलदार को धमकाने वाला गिरफ्तार, दुकानों पर कब्जे का प्लान
खुद को उपमुख्यमंत्री बताकर तहसीलदार को धमकाने वाला गिरफ्तार, दुकानों पर कब्जे का प्लान
फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले से जालसाजी और धमकी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ एक व्यक्ति ने खुद को प्रदेश का उपमुख्यमंत्री (Deputy CM) बताकर सदर तहसीलदार को फोन किया और दुकानों पर अवैध कब्जे के लिए दबाव बनाया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। क्या है पूरा मामला? लक्ष्मी नारायण धर्मशाला के सचिव सुनील कुमार अग्रवाल (निवासी नुनहाई) ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि मदारवाड़ी निवासी रोहित गुप्ता काफी समय से धर्मशाला की दुकानों पर अवैध कब्जा करने की कोशिश कर रहा था।
शिकायत के अनुसार, रोहित गुप्ता न केवल गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दे रहा था, बल्कि वह खुद को फर्जी अधिकारी बताकर अवैध वसूली भी कर रहा था। पीड़ित ने बताया कि आरोपी ने पहले उनसे 10,000 रुपये और फिर दबाव बनाकर 1,000 रुपये ऐंठ लिए थे और लगातार और पैसों की मांग कर रहा था। तहसीलदार को फोन कर दी धमकी हैरानी की बात तब हुई जब आरोपी रोहित गुप्ता ने सदर तहसीलदार (जो धर्मशाला के अध्यक्ष भी हैं) के सरकारी (CUG) और व्यक्तिगत मोबाइल नंबर पर कॉल किया। फोन पर उसने खुद को उत्तर प्रदेश का उपमुख्यमंत्री बताया और धौंस जमाते हुए दुकानों को उसके नाम करने या कब्जा दिलाने का दबाव बनाया। आरोपी ने तहसीलदार को यहाँ तक धमकी दी कि यदि दुकान नहीं दी गई, तो वह ताले तोड़कर कब्जा कर लेगा। पुलिस की कार्रवाई मामले की गंभीरता और उच्च पद के दुरुपयोग की कोशिश को देखते हुए पुलिस तुरंत एक्शन में आई।
शहर कोतवाली प्रभारी दर्शन सिंह सोलंकी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जाल बिछाकर आरोपी रोहित गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार मुख्य बिंदु: * आरोपी: रोहित गुप्ता (निवासी मदारवाड़ी)। * आरोप: अवैध कब्जा, रंगदारी, फर्जी अधिकारी/मंत्री बनकर डराना और जान से मारने की धमकी। * वर्तमान स्थिति: आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब उन अज्ञात साथियों की भी तलाश कर रही है जो इस साजिश में रोहित के साथ शामिल थे।