शराबी दीवान ने ई-रिक्शा को मारी टक्कर, चालक की मौत, थाने में हंगामा

Dec 31, 2023 - 09:26
0 31
शराबी दीवान ने ई-रिक्शा को मारी टक्कर, चालक की मौत, थाने में हंगामा

block-350 block-350

Crime news Delhi : मायापुरी में शनिवार सुबह नशे में धुत यातायात पुलिस के हवलदार ने अपनी कार से ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में ई-रिक्शा चालक की मौत हो गई।

चालक की शिनाख्त अमित झा (40) के रूप में हुई। घटना के बाद आरोपी हवलदार मौके से भागकर मायापुरी थाने पहुंच गया। अन्य ई-रिक्शा चालकों ने थाने पहुंचकर हंगामा शुरू कर दिया।

पुलिसकर्मियों ने उन्हें शांत करवाने की कोशिश की और बाद में अतिरिक्त पुलिस बल को मौके पर बुलाकर हल्का बल प्रयोग कर भगा दिया। मायापुरी थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी को हिरासत में लेकर मेडिकल करवाया गया। नशे में होने की पुष्टि के बाद आरोपी हवलदार मुकेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। उसकी गिरफ्तारी की सूचना यातायात सर्किल को दे दी गई।

पुलिस के मुताबिक, मायापुरी की गली नंबर पांच में रहने वाला अमित झा ई-रिक्शा चालक था। शनिवार सुबह 8 बजे वह इलाके में ई-रिक्शा पर बैठकर सवारियों का इंतजार कर रहा था। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार से आई एक कार ने ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी।

 टक्कर लगने से ई-रिक्शा पलट गया। अमित के सड़क पर गिरते ही कार ने कुचल दिया। घटना को अंजाम देने के बाद चालक कार को तेज गति से चलाता हुआ मायापुरी थाने पहुंचा। घटनास्थल पर मौजूद अन्य ई-रिक्शा चालक उसका पीछा करते हुए थाने पहुंच गए और हंगामा शुरू कर दिया।

वहीं पुलिस घायल ई-रिक्शा चालक अमित को अस्पताल लेकर गई, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इधर, पुलिस ने आरोपी कार चालक यातायात पुलिस के हवलदार को गिरफ्तार कर लिया। जिला पुलिस उपायुक्त विचित्र वीर ने बताया कि आरोपी की पहचान मुकेश कुमार के रूप में हुई है।

वह मायापुरी यातायात सर्किल में बतौर हवलदार तैनात है। आरोपी के नशे में धुत होने की पुष्टि हो गई है। परिवार के लिए मुआवजा, एक सदस्य को नौकरी की मांग ई-रिक्शा चालक अमित झा की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया है। अमित के भांजे आशीष ने बताया कि उसके मामा का परिवार पिछले साल दिसंबर में ही दिल्ली आया था।

 परिवार में उसकी मामी बबीता, तीन बेटियां बबली, लवली और अंजलि और सात साल का बेटा अतुल है। आशीष ने बताया कि पहले मामा पंजाब में रहते थे। वह वहां पर लेदर की फैक्टरी में काम करते थे। दिल्ली आने के बाद सागरपुर में किराये पर रहकर ई-रिक्शा चलाने लगे। परिवार में कोई और कमाने वाला सदस्य नहीं है। उन्होंने सरकार से परिवार के लिए मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की मांग की है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
SuragBureau

Surag Bureau पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और स्थानीय व राष्ट्रीय मुद्दों पर समाचार लेखन करते हैं। हमारा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना हैं।

Comments (0)

User