ईरान से जुड़े प्रतिबंधित तेल टैंकरों की भारत में जब्ती, समुद्री निगरानी बढ़ी
नई दिल्ली/मुंबई। भारत ने अपने समुद्री क्षेत्र में सतर्कता बढ़ाते हुए ईरान से जुड़े तीन तेल टैंकरों को जब्त किया है। ये टैंकर अमेरिका द्वारा प्रतिबंधित बताए जा रहे हैं। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब भारत और अमेरिका के बीच टैरिफ को लेकर तनाव कम होने के संकेत मिले हैं। हाल ही में अमेरिका ने भारत पर लगाए गए टैरिफ को घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत ने जिन तीन टैंकरों को पकड़ा है, उनकी पहचान स्टैलर रूबी, एस्फाल्ट स्टार और अल जाफजिया के रूप में हुई है। सूत्रों के अनुसार, इन जहाजों पर अमेरिका की ओर से प्रतिबंध लगाया गया था।
इन टैंकरों ने कथित तौर पर अपनी पहचान बदलकर तटीय राज्यों में कानून से बचने की कोशिश की थी। बताया गया है कि इन जहाजों को मुंबई तट के पास पकड़ा गया। ईरान की सरकारी मीडिया ने एक तेल कंपनी के हवाले से कहा है कि जब्त किए गए टैंकरों का कंपनी से कोई संबंध नहीं है। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि न तो कार्गो और न ही संबंधित जहाज उससे जुड़े हैं। सूत्रों के मुताबिक, भारत ने अवैध ‘शिप-टू-शिप’ ट्रांसफर को रोकने के लिए समुद्री निगरानी तेज कर दी है। इस प्रक्रिया में अक्सर तेल के वास्तविक स्रोत को छिपाने के लिए समुद्र में ही एक जहाज से दूसरे जहाज में माल स्थानांतरित किया जाता है। भारतीय तटरक्षक बल ने समुद्री क्षेत्रों की निगरानी के लिए करीब 55 जहाज और 10 से 12 विमान तैनात किए हैं। गौरतलब है कि पिछले वर्ष अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के फॉरेन एसेट्स कंट्रोल (OFAC) ने Global Peace, Chil 1 और Glory Star 1 नामक जहाजों पर प्रतिबंध लगाया था। सूत्रों का कहना है कि इन प्रतिबंधित जहाजों के IMO नंबर भारत द्वारा पकड़े गए टैंकरों से मिलते-जुलते हैं। एलएसईजी (LSEG) डेटा के अनुसार, तीन में से दो टैंकर ईरान से जुड़े रहे हैं।
अल जाफजिया वर्ष 2025 में ईरान से जिबूती तक तेल लेकर गया था, जबकि स्टैलर रूबी पर ईरान का झंडा बताया गया है। वहीं, एस्फाल्ट स्टार अधिकतर समय चीन के आसपास सक्रिय रहा है। इस घटनाक्रम को भारत की समुद्री सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के अनुपालन के लिहाज से अहम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि भारत अपने समुद्री क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर सख्ती बरतने के संकेत दे रहा है।