चार सूत्रीय मांगों को लेकर आशा कार्यकर्ताओं का हल्लाबोल, कलेक्ट्रेट तक निकाला पैदल मार्च
फर्रुखाबाद: चार सूत्रीय मांगों को लेकर आशा कार्यकर्ताओं का हल्लाबोल, कलेक्ट्रेट तक निकाला पैदल मार्च
फर्रुखाबाद/ उत्तर प्रदेश आशा वर्कर्स यूनियन के बैनर तले मंगलवार को आशा कार्यकर्ताओं ने अपनी लंबित मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष मिथिलेश सोलंकी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में जुटी कार्यकर्ताओं ने सीएमओ कार्यालय से कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला और जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के बाद प्रशासनिक अधिकारियों के माध्यम से उपमुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा गया। प्रमुख मांगें और नाराजगी यूनियन ने ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन को अपनी मुख्य समस्याओं से अवगत कराया: * अधूरी वार्ता: कार्यकर्ताओं का कहना है कि 6 फरवरी को उपमुख्यमंत्री के साथ हुई वार्ता के बाद 55 दिनों से चला आ रहा आंदोलन इस आश्वासन पर समाप्त किया गया था कि मांगों पर सहमति बन गई है।
हालांकि, अभी तक तीसरे चरण की वार्ता बुलाकर समझौते को अंतिम रूप नहीं दिया गया है। बकाया भुगतान: वर्ष 2019 से लेकर 2023-24 तक की बड़ी प्रोत्साहन राशि का भुगतान अभी भी लंबित है, जिससे कार्यकर्ताओं में भारी रोष है। अवैध वसूली पर रोक: कार्यकर्ताओं ने पूरे प्रदेश में भुगतान के नाम पर आशा वर्कर्स से की जाने वाली अवैध वसूली को तुरंत रोकने की मांग की है। इनकी रही मौजूदगी इस मार्च में मंजू देवी, श्रीदेवी, रेशमा, सरोजिनी, ममता, चंद्रकाली, सरस्वती, राजकुमारी, उषा देवी, उर्मिला देवी, अंजनी कुमारी, ज्योति, निर्मला, राखी, पिंकी देवी, नन्ही देवी, दीप्ति, तारा देवी, लक्ष्मी देवी, ज्ञान देवी, अनीता, शकुंतला, विनीता, नंदिनी देवी, कुसुम, नाजिया, अनीशा, नगीना और सोनी देवी सहित भारी संख्या में आशा कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।