गंगा का रौद्र रूप! चेतावनी बिंदु पार करते ही डीएम मैदान में, बाढ़ चौकियो को लेकर खुद संभाली कमान
गंगा का रौद्र रूप! चेतावनी बिंदु पार करते ही डीएम मैदान में, बाढ़ चौकियो को लेकर खुद संभाली कमान
फर्रुखाबाद। गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर पहुंचते ही जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया। नरौरा बैराज से पानी छोड़े जाने के बाद संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने शनिवार को बाढ़ प्रभावित गांवों और राहत शरणालयों का मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जरूरत पड़ते ही प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए। डीएम ने ग्राम तीसराम मड़ैया, चित्रकूट तथा राजेपुर स्थित महात्मा गांधी इंटर कॉलेज और राजकीय आईटीआई में बनाए गए शरणालयों का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने पेयजल, बिजली, शौचालय, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, भोजन, चिकित्सा सुविधा, महिलाओं और बच्चों के लिए विशेष इंतजाम तथा पशुओं के चारे की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने बाढ़ से प्रभावित खेतों और जलभराव वाले क्षेत्रों का भी अवलोकन किया।
उन्होंने ग्राम स्तर पर तैनात कर्मचारियों को 24 घंटे सतर्क रहने और गंगा के जलस्तर में किसी भी बढ़ोतरी की सूचना तत्काल प्रशासन को देने के निर्देश दिए। डीएम डॉ. अंकुर लाठर ने कहा कि संभावित बाढ़ से निपटने के लिए प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। राहत सामग्री, नावें, चिकित्सा दल और अन्य आवश्यक संसाधन पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें, प्रशासन की सलाह का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सूचना दें। निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक आरती सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अरुण कुमार सिंह, एसडीएम अमृतपुर श्वेता साहू, तहसीलदार शशांक सिंह, खंड विकास अधिकारी सुनील जायसवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)