कासगंज: दा गुरू डायमंड OYO होटल पर देह व्यापार के संगीन आरोप
कासगंज के दा गुरू डायमंड OYO होटल पर स्थानीय लोगों ने देह व्यापार के गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रशासन से जांच और होटल को तुरंत बंद करने की मांग की गई है।
कासगंज रोड स्थित गल्ला मंडी, हनौता के निकट संचालित दा गुरू डायमंड OYO होटल इन दिनों स्थानीय निवासियों के आक्रोश का केंद्र बना हुआ है। होटल की कार्यप्रणाली और वहां होने वाली संदिग्ध गतिविधियों को लेकर आसपास के लोगों ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं। निवासियों का आरोप है कि इस होटल की आड़ में लंबे समय से अनैतिक कार्य, विशेष रूप से देह व्यापार जैसी गतिविधियां संचालित की जा रही हैं, जिससे क्षेत्र के सामाजिक माहौल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
स्थानीय निवासियों की चिंताएं
होटल के आसपास बड़ी संख्या में परिवार निवास करते हैं और बच्चों का भी स्कूल व अन्य कार्यों के लिए निरंतर आवागमन बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि होटल के भीतर अक्सर ऐसे दृश्य देखने को मिलते हैं जो सभ्य समाज के लिए शर्मनाक हैं। निवासियों के अनुसार, होटल में 'चंडाल चौकड़ी' नामक एक समूह का जमावड़ा अक्सर देखा जाता है, जो संदिग्ध ग्राहकों के आने-जाने के दौरान सक्रिय रहता है। इस अवांछित चहल-पहल ने स्थानीय निवासियों की सुरक्षा और नैतिकता पर सवालिया निशान लगा दिए हैं।
प्रशासनिक उदासीनता का आरोप
स्थानीय लोगों ने अपनी व्यथा साझा करते हुए बताया कि उन्होंने इस संबंध में होटल संचालकों से कई बार बात करने की कोशिश की, लेकिन उनकी शिकायतों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया गया। निवासियों का आरोप है कि इस होटल का संचालन उमेश कुमार, रवीश कुमार उर्फ रवी, मनोज कुमार और अमरपाल सिंह जैसे व्यक्तियों द्वारा किया जा रहा है, जो स्थानीय प्रशासन की नजरों से बचकर या कथित मिलीभगत के चलते बेखौफ होकर अपना काम चला रहे हैं। लोगों का यह भी मानना है कि यदि समय रहते कड़ी कार्रवाई नहीं की गई, तो क्षेत्र की शांति-व्यवस्था पूरी तरह बिगड़ सकती है।
सबूतों के साथ कार्रवाई की मांग
स्थानीय निवासियों ने दावा किया है कि उनके पास होटल के भीतर हो रही संदिग्ध गतिविधियों के पुख्ता सबूत के तौर पर कुछ वीडियो और फोटोग्राफ मौजूद हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे इन साक्ष्यों को संबंधित पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपने के लिए तैयार हैं ताकि मामले की निष्पक्ष जांच हो सके। निवासियों की प्रमुख मांगें निम्नलिखित हैं:
- होटल में चल रही संदिग्ध गतिविधियों की उच्च स्तरीय जांच की जाए।
- यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित संचालकों पर कानूनी कार्रवाई हो।
- क्षेत्र के परिवारों की सुरक्षा के मद्देनजर होटल को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए।
आगे की राह
अब गेंद पूरी तरह से प्रशासन और पुलिस विभाग के पाले में है। कासगंज के स्थानीय लोग अब एक प्रभावी और निष्पक्ष कार्रवाई की प्रतीक्षा कर रहे हैं। समाज के जागरूक नागरिकों का मानना है कि आवासीय क्षेत्रों के बीच इस तरह के संदिग्ध ओयो होटलों का संचालन न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि यह क्षेत्र की युवा पीढ़ी के भविष्य के लिए भी एक बड़ा खतरा है। प्रशासन की ओर से की जाने वाली कार्रवाई ही यह तय करेगी कि क्या स्थानीय लोगों की सुरक्षा और उनकी शिकायतों को प्राथमिकता दी जाती है या फिर मामला फाइलों में ही दबकर रह जाता है। इस घटनाक्रम पर इलाके के लोगों की पैनी नजर बनी हुई है।
What's Your Reaction?
Like
1
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)