करोड़ों के तंबाकू जीएसटी घोटाले में बड़ी कार्यवाही आरोपी बिलाल गिरफ्तार, 6 लाख नकद व बुलेट बरामद
करोड़ों के तंबाकू जीएसटी घोटाले में बड़ी कार्यवाही आरोपी बिलाल गिरफ्तार, 6 लाख नकद व बुलेट बरामद
कायमगंज/ फर्जी दस्तावेजों और बोगस फर्मों के जरिए सरकार को करोड़ों रुपये के राजस्व का चूना लगाने वाले अंतरराज्यीय तंबाकू सिंडिकेट के एक मुख्य आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में कोतवाली कायमगंज क्षेत्र के लालबाग निवासी मोहम्मद बिलाल खान को पकड़ा गया है। पुलिस ने आरोपी के पास से 6 लाख रुपये से अधिक की नकदी, एक बुलेट मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन बरामद किया है। इस बड़ी कार्रवाई से इलाके के तंबाकू कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है। इस तरह दिया जा रहा था करोड़ों के घोटाले को अंजाम पुलिस हिरासत में पूछताछ के दौरान आरोपी बिलाल ने कई अहम खुलासे किए हैं।
उसने बताया कि वह अपने लालबाग स्थित तंबाकू गोदाम से दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और गाजियाबाद जैसे राज्यों में कच्ची तंबाकू की बड़े पैमाने पर आपूर्ति करता था। भारी टैक्स से बचने के लिए उसने अपने साथियों, जुबैर और सुखबीर, के साथ मिलकर बिना बिल के माल भेजना शुरू किया था। इस अवैध कारोबार को वैध दिखाने के लिए जालसाजों द्वारा फर्जी दस्तावेजों के जरिए बोगस (फर्जी) फर्में तैयार की जाती थीं। इन्हीं फर्जी फर्मों के नाम पर ई-वे बिल जारी किए जाते थे, जिससे सरकार को करोड़ों रुपये के जीएसटी राजस्व का भारी नुकसान हो रहा था। ऐसे हुई गिरफ्तारी और बरामदगी यह सख्त कार्रवाई अपर पुलिस महानिदेशक (कानपुर जोन) और पुलिस उपमहानिरीक्षक (कानपुर रेंज) के निर्देश पर की गई है। मामले की विवेचना के दौरान क्राइम ब्रांच के प्रभारी निरीक्षक रामऔतार और उनकी टीम ने बिलाल को उसके आवास के पास से दबोचा। पुलिस ने उसकी निशानदेही और जामा तलाशी के दौरान 6 लाख 16 हजार 810 रुपये नकद एक बुलेट मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन बरामद किया है। 21 मार्च को दर्ज हुआ था 25 लोगों पर मुकदमा इस बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा 21 मार्च 2026 को हुआ था। तत्कालीन कस्बा इंचार्ज (नगर चौकी प्रभारी) सोमवीर सिंह ने मामले की गहन जांच के बाद 25 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और जीएसटी चोरी का नामजद मुकदमा दर्ज कराया था।
गिरफ्तार किया गया आरोपी बिलाल भी इन 25 लोगों में शामिल था। कोतवाली पुलिस के अनुसार, आरोपी बिलाल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई पूरी कर उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब सिंडिकेट से जुड़े अन्य फरार आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही है और जल्द ही कुछ और गिरफ्तारियां होने की संभावना है। उच्च अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जीएसटी चोरी जैसे गंभीर आर्थिक अपराधों में लिप्त लोगों के खिलाफ ऐसी ही सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।