फर्रुखाबाद: बाढ़ प्रभावित इलाकों में आबकारी विभाग की छापेमारी

फर्रुखाबाद में बाढ़ की स्थिति के बीच आबकारी विभाग ने अवैध शराब के खिलाफ अभियान चलाकर भारी मात्रा में लहन नष्ट किया और सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।

Aug 22, 2026 - 20:41
0 1
फर्रुखाबाद: बाढ़ प्रभावित इलाकों में आबकारी विभाग की छापेमारी

block-350 block-350

फर्रुखाबाद जिले में इन दिनों बाढ़ का प्रकोप जारी है, जिसके चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। इस कठिन परिस्थिति का लाभ उठाकर कुछ असामाजिक तत्व अवैध शराब के निर्माण और बिक्री में सक्रिय हो गए हैं। इसी के मद्देनजर आबकारी विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर प्रवर्तन अभियान शुरू कर दिया है। शनिवार को जिला प्रशासन और पुलिस के साथ मिलकर की गई एक संयुक्त कार्रवाई ने अवैध कारोबारियों में हड़कंप मचा दिया है।

कुइया डेरा में बड़ी कार्रवाई

आबकारी विभाग और राजेपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर संदिग्ध ग्राम कुइया डेरा में छापेमारी की। बाढ़ के पानी से घिरे इस इलाके में अवैध शराब बनाने के लिए बड़े पैमाने पर तैयारी की जा रही थी। कार्रवाई के दौरान टीम ने 5 लीटर अवैध कच्ची शराब बरामद की। इसके अतिरिक्त, मौके पर मौजूद 60 किलोग्राम लहन को भी जब्त किया गया। आबकारी नियमों के अनुसार, बरामद लहन को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया ताकि इसका उपयोग दोबारा शराब बनाने में न हो सके। इस मामले में आबकारी अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत अभियोग पंजीकृत कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

उच्च अधिकारियों का कड़ा रुख

यह अभियान आबकारी आयुक्त, उत्तर प्रदेश के आदेशों और जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर के स्पष्ट निर्देशों के क्रम में संचालित किया गया। जिला आबकारी अधिकारी जीपी गुप्ता के कुशल पर्यवेक्षण में आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-3 रीता वर्मा ने अपनी टीम और राजेपुर पुलिस के साथ मिलकर इस सफल कार्रवाई को अंजाम दिया। प्रशासन का स्पष्ट संदेश है कि आपदा के समय में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

दुकानों का औचक निरीक्षण और सतर्कता

अवैध शराब के खिलाफ छापेमारी के साथ ही विभाग ने जिले की लाइसेंसी दुकानों पर भी अपनी पैनी नजर बनाए रखी है। टीम ने राजेपुर और चाचूपुर स्थित कंपोजिट एवं देशी मदिरा की दुकानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया गया:

  • स्टॉक मिलान: दुकानों के स्टॉक रजिस्टर की भौतिक रूप से जांच की गई और उपलब्ध शराब का मिलान रिकॉर्ड से किया गया।
  • तकनीकी जांच: दुकानों पर लगी सीसीटीवी कैमरों की कार्यक्षमता और ऑनलाइन भुगतान व्यवस्था की बारीकी से पड़ताल की गई।
  • मानकों का पालन: दुकानदारों को हिदायत दी गई कि वे शासन द्वारा निर्धारित सभी नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करें।

अधिकारियों ने दुकानदारों को चेतावनी दी है कि यदि निरीक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता पाई जाती है, तो उनके विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही, सभी अनुज्ञापियों को अपने अभिलेख हर समय अद्यतन रखने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।

भविष्य की रणनीति

आबकारी विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान महज एक औपचारिकता नहीं है, बल्कि निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत किया गया है। विभाग की टीमें लगातार गश्त कर रही हैं ताकि कोई भी व्यक्ति बाढ़ की आड़ में अवैध शराब का कारोबार न कर सके। प्रशासन ने आम जनता से भी अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे, तो वे तत्काल विभाग को सूचित करें। आने वाले दिनों में छापेमारी का दायरा और अधिक विस्तारित किया जाएगा, जिससे जिले में अवैध शराब की तस्करी और निर्माण पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
SuragBureau

Surag Bureau पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और स्थानीय व राष्ट्रीय मुद्दों पर समाचार लेखन करते हैं। हमारा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना हैं।

Comments (0)

User