फर्रुखाबाद: बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सीएमओ ने स्वास्थ्य शिविरों का किया निरीक्षण

फर्रुखाबाद में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सीएमओ डॉ. आनंद उपाध्याय ने स्वास्थ्य शिविरों का निरीक्षण किया, 193 मरीजों को मिला उपचार और परामर्श।

Oct 12, 2026 - 08:35
0 2
फर्रुखाबाद: बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सीएमओ ने स्वास्थ्य शिविरों का किया निरीक्षण

block-350 block-350

फर्रुखाबाद जिले में बाढ़ की विभीषिका के बीच आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से सक्रिय है। इसी क्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. आनंद उपाध्याय ने सैदापुर, पूर्वी गोटिया और चित्रकूट जैसे बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। इन क्षेत्रों में चलाए जा रहे स्वास्थ्य शिविरों का औचक निरीक्षण करते हुए उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को परखा और चिकित्सकीय टीमों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।

शिविरों में 193 मरीजों का उपचार

बाढ़ के कारण जलभराव वाले क्षेत्रों में संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ जाता है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित शिविरों में कुल 193 मरीजों की जांच की गई और उन्हें आवश्यक दवाएं व चिकित्सकीय परामर्श प्रदान किया गया। सीएमओ ने स्पष्ट किया कि प्रभावित लोगों को इलाज के लिए कहीं और भटकना न पड़े, इसके लिए शिविरों का संचालन प्रभावी ढंग से सुनिश्चित किया जाए।

क्षेत्रवार स्वास्थ्य सेवाओं का विवरण

सैदापुर स्वास्थ्य शिविर: यहाँ कुल 73 मरीजों की स्वास्थ्य जांच की गई। आंकड़ों के अनुसार, बुखार के 23, एलर्जी के 24, लूज मोशन के 12, शरीर दर्द के पांच और गठिया के नौ मरीज सामने आए। इस शिविर की सबसे बड़ी विशेषता पैथोलॉजी जांच की सुविधा रही, जहां मलेरिया, टाइफाइड और रैंडम ब्लड शुगर समेत कुल 26 परीक्षण किए गए।

पूर्वी गोटिया स्वास्थ्य शिविर: इस शिविर में कुल 82 मरीजों ने स्वास्थ्य लाभ लिया। इनमें त्वचा रोग के 45 मामले सबसे अधिक थे, जो अक्सर बाढ़ के दूषित पानी के संपर्क में आने से होते हैं। इसके अलावा 24 बुखार, सात सर्दी-खांसी और छह जोड़ों के दर्द के मरीज देखे गए। डॉ. नेहा गुप्ता के नेतृत्व में टीम ने मरीजों को परामर्श और दवाएं वितरित कीं।

चित्रकूट स्वास्थ्य शिविर: चित्रकूट में आयोजित शिविर में 38 मरीजों की जांच हुई। यहाँ पेट दर्द के नौ, बुखार के आठ, खुजली के 11, दस्त के पांच और सिरदर्द व खांसी से पीड़ित पांच मरीजों का उपचार किया गया। डॉ. विजय सिंह और उनकी टीम ने मरीजों की स्थिति के अनुसार उन्हें उपचार की सलाह दी।

स्वास्थ्य विभाग की प्राथमिकताएं

सीएमओ डॉ. आनंद उपाध्याय ने निर्देश दिए हैं कि बाढ़ के दौरान और उसके बाद होने वाली बीमारियों जैसे जलजनित रोगों, चर्म रोगों और मौसमी बुखार पर नियंत्रण रखना विभाग की प्राथमिकता है। स्वास्थ्य विभाग की टीमें निरंतर इन इलाकों में भ्रमण कर रही हैं ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविरों का यह आयोजन न केवल बीमारियों के त्वरित उपचार में सहायक सिद्ध हो रहा है, बल्कि ग्रामीणों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी पैदा कर रहा है। विभाग का प्रयास है कि जब तक बाढ़ का प्रभाव पूरी तरह समाप्त नहीं हो जाता, तब तक इन क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाएं निरंतर उपलब्ध रहें।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
SuragBureau

Surag Bureau पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और स्थानीय व राष्ट्रीय मुद्दों पर समाचार लेखन करते हैं। हमारा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना हैं।

Comments (0)

User