एटा पुलिस: डायल 112 की कार्यप्रणाली में सुधार हेतु विशेष बैठक

एटा में एएसपी अपराध ने डायल 112 कर्मियों के साथ बैठक कर त्वरित रिस्पॉन्स और बेहतर जनसेवा के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए।

Oct 25, 2026 - 16:08
0 4
एटा पुलिस: डायल 112 की कार्यप्रणाली में सुधार हेतु विशेष बैठक

block-350 block-350

जनपद एटा में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और आमजन को त्वरित पुलिस सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पुलिस प्रशासन लगातार सक्रिय है। इसी क्रम में, दिनांक 25 अक्टूबर 2026 को पुलिस लाइन एटा में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता अपर पुलिस अधीक्षक (अपराध) श्री सच्चिदानंद द्वारा की गई, जिसमें डायल 112 सेवा से जुड़े समस्त पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार करना और रिस्पॉन्स टाइम को न्यूनतम स्तर पर लाना था।

डायल 112 के लिए कड़े निर्देश

बैठक के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक ने डायल 112 की कार्यप्रणाली पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस का प्राथमिक कार्य पीड़ित की रक्षा करना है और इस प्रक्रिया में समय का बहुत महत्व है। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी सूचना पर पुलिस बल का रिस्पॉन्स टाइम 05 मिनट से अधिक नहीं होना चाहिए। इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कर्मियों को सतर्क रहने और पीआरवी (PRV) की लोकेशन को निरंतर मॉनिटर करने के लिए कहा गया है।

इसके अतिरिक्त, घटनास्थल पर पहुंचने के बाद की जाने वाली कार्रवाई को भी पारदर्शी बनाने पर जोर दिया गया। श्री सच्चिदानंद ने निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष निर्देश दिए:

  • बॉडी-वर्न कैमरे का उपयोग: घटनास्थल पर पहुंचते ही पुलिसकर्मियों को बॉडी-वर्न कैमरों का अनिवार्य रूप से उपयोग करना होगा ताकि साक्ष्य सुरक्षित रहें और कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनी रहे।
  • एटीआर (ATR) की गुणवत्ता: घटना की सूचना के बाद की गई कार्रवाई की रिपोर्ट यानी एटीआर भरते समय उसमें घटना का पूर्ण विवरण और की गई कार्रवाई का स्पष्ट उल्लेख होना चाहिए। अधूरी जानकारी वाली रिपोर्ट स्वीकार नहीं की जाएगी।
  • अनुशासन और वर्दी: पीआरवी पर तैनात प्रत्येक कर्मी को मानक के अनुरूप निर्धारित वर्दी धारण करना अनिवार्य है। अनुशासन का पालन ही पुलिस की पहली पहचान है।
  • सूचना का प्रवाह: किसी भी बड़ी घटना या गंभीर स्थिति की सूचना समय रहते उच्चाधिकारियों को उपलब्ध कराना अनिवार्य है ताकि वरिष्ठ स्तर से सही निर्णय लिया जा सके।

जनता के साथ शालीन व्यवहार

बैठक में यह विशेष रूप से कहा गया कि पुलिस की छवि जनता के साथ उनके व्यवहार से बनती है। डायल 112 के कर्मियों को निर्देश दिया गया कि वे आपातकालीन स्थिति में पीड़ितों और आम नागरिकों के साथ शालीनता और संवेदनशीलता का व्यवहार करें। पुलिस का उद्देश्य केवल कानून का पालन कराना नहीं, बल्कि संकट में फंसे व्यक्ति को सुरक्षा का अहसास कराना भी है। पुलिसकर्मियों को अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ करने के लिए प्रेरित किया गया।

इस समीक्षा बैठक में डायल 112 के प्रभारी निरीक्षक श्री राजेश चौहान सहित पुलिस विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। बैठक के अंत में अपर पुलिस अधीक्षक ने सभी कर्मियों को चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार रहने और एटा जनपद को सुरक्षित बनाने के संकल्प को दोहराया। जनपद एटा पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि 'आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प' केवल एक नारा नहीं, बल्कि धरातल पर क्रियान्वित होने वाली एक प्रतिबद्धता है। इस तरह की नियमित बैठकें भविष्य में भी जारी रहेंगी ताकि पुलिसिंग व्यवस्था को और अधिक आधुनिक और जन-सुलभ बनाया जा सके।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0
SuragBureau

Surag Bureau पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और स्थानीय व राष्ट्रीय मुद्दों पर समाचार लेखन करते हैं। हमारा उद्देश्य पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना हैं।

Comments (0)

User